यह ब्लॉग खोजें

गुरुवार, 29 मई 2025

दुर्गों के संबंध में इतिहासकारों के महत्वपूर्ण कथन

दुर्गों के संबंध में इतिहासकारों के महत्वपूर्ण कथन 🔔 "घोड़ा कीजे काट का पग कीजे पाषाण अख्तर कीजे लोहे का तब पहुंचे जेसाण" ➙ अबुल फजल (सोनारगढ़ किला जैसलमेर) 🔔 "दूर से देखने पर यह दुर्ग ऐसे लगता है जैसे जहाज ने रेगिस्तान में लंगर डाल रखा है" ➙ सोनारगढ़ किला जैसलमेर 🔔 "8 फिरंगी 9 गोरा लड़े जाट का 2 छोरा" ➙ दुर्जनशाल, माधोसिंह (लोहागढ़ दुर्ग भरतपुर) 🔔 "बाकी सब दुर्ग नंगे हैं यह बख्तरबंद है" ➙ अबुल फजल (रणथंबोर दुर्ग सवाई माधोपुर) 🔔 "गढ़ तो चित्तौड़गढ़ बाकी सब गठैया" - ➙अबुल फजल (चित्तौड़गढ़ दुर्ग) 🔔 "आज कुफ्र का घर इस्लाम का घर बन गया है" ➙अमीर खुसरो (रणथंबोर दुर्ग) 🔔 "गढ़ दिल्ली गढ़ आगरो अधगढ़ बीकानेर भलो चिणायो भाटियो सिरे टू जैसलमेर" ➙ यह कहावत सोनारगढ़ दुर्ग के लिए प्रसिद्ध है


कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

  अध्याय 2 : मेंडेलियन आनुवंशिकी (Mendelian Genetics) 2.1 परिचय (Introduction) आनुवंशिकी के क्षेत्र में प्रथम सफल प्रयोग तथा वंशागति के नियम...